—प्रधान संपादक पंडित संदीप शर्मा एमपी अपडेट न्यूज़ दमोह—
*हटा उप-जेल में श्रीमद्भागवत गीता आयोजन*
*बंदियों ने लिया आध्यात्मिक ज्ञान, जेल परिसर हुआ भक्तिमय*
दमोह। मध्यप्रदेश शासन एवं जेल मुख्यालय के निर्देश पर उप-जेल हटा में आज श्रीमद्भागवत गीता का विशेष आयोजन सम्पन्न हुआ। गीता महोत्सव के अंतर्गत आयोजित इस कार्यक्रम में पंडित श्री रति कृष्ण शास्त्री महाराज ने बंदियों को श्रीमद्भागवत गीता के पंद्रहवें अध्याय का सार, महत्व और जीवन-उपयोगी संदेश समझाए।
शास्त्री जी ने बंदियों को संबोधित करते हुए कहा कि गीता एक धर्मनिरपेक्ष एवं जीवन मार्गदर्शक ग्रंथ है, जिसका अध्ययन हर भारतवासी को करना चाहिए। उन्होंने महाभारत काल की पृष्ठभूमि का उल्लेख करते हुए भगवान श्रीकृष्ण द्वारा अर्जुन को दिए गए उपदेशों का सरल भाषा में विवरण प्रस्तुत किया। कार्यक्रम के दौरान बंदी बड़े ही ध्यानपूर्वक आध्यात्मिक ज्ञान को आत्मसात करते दिखाई दिए।
इस अवसर पर उप-जेल अधीक्षक नागेंद्र सिंह चौधरी भी उपस्थित रहे। उन्होंने बताया कि इस प्रकार के धार्मिक और आध्यात्मिक आयोजन से बंदियों के मन में सकारात्मक ऊर्जा, संतुलन और नैतिकता का विकास होता है, जो उनके व्यक्तित्व में सकारात्मक परिवर्तन लाते हैं। गीता पाठ और प्रवचन से पूरा जेल परिसर भक्तिमय वातावरण से सराबोर हो गया।
जेल प्रशासन ने आगे भी ऐसे प्रेरणादायी कार्यक्रम समय-समय पर आयोजित करने की बात कही।









