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*आबकारी विभाग की कार्यप्रणाली के विरोध में भगवती मानव कल्याण संगठन ने सौंपा ज्ञापन*

—प्रधान संपादक पंडित संदीप शर्मा एमपी अपडेट न्यूज दमोह—

*आबकारी विभाग की कार्यप्रणाली के विरोध में भगवती मानव कल्याण संगठन ने सौंपा ज्ञापन*

*अवैध शराब बिक्री पर उठाए सवाल 15 दिन का दिया अल्टीमेटम*


दमोह। भगवती मानव कल्याण संगठन की जिला शाखा ने सोमवार को कलेक्ट्रेट पहुंचकर जिले में बढ़ रहे अवैध शराब कारोबार एवं आबकारी विभाग की कार्यप्रणाली के विरोध में कलेक्टर प्रताप नारायण यादव को विस्तृत ज्ञापन सौंपा। संगठन ने आरोप लगाया कि जिले की विभिन्न तहसीलों में आबकारी विभाग की मिलीभगत से शराब दुकानों का अनियमित संचालन किया जा रहा है तथा गांव-गांव अवैध रूप से शराब पहुंचाकर बिक्री कराई जा रही है।

ज्ञापन सौंपने के दौरान एसडीएम रचना प्रजापति, डीएसपी सौरभ त्रिपाठी, टीआई कोतवाली मनीष कुमार, टीआई रचना मिश्रा, आबकारी विभाग के सहायक अधिकारी केपी गांधी सहित पुलिस बल मौजूद रहा। बताया गया कि इससे पहले एडीएम ज्ञापन लेने पहुंचीं थीं, लेकिन संगठन ने सीधे कलेक्टर को ही ज्ञापन सौंपने की बात कही थी।

संगठन का कहना है कि शासन द्वारा निर्धारित समय सीमा एवं नियमों का पालन शराब दुकानों में नहीं किया जा रहा। कई दुकानें समय से पहले खोली जा रही हैं और देर रात तक संचालित हो रही हैं। साथ ही शराब ठेकेदारों द्वारा गांवों में अवैध रूप से शराब भिजवाने का आरोप भी लगाया गया।

ज्ञापन में मांग की गई कि अवैध शराब परिवहन करते पकड़े जाने पर केवल कर्मचारी ही नहीं, बल्कि मुख्य ठेकेदार एवं विक्रेता को भी सह आरोपी बनाया जाए। साथ ही स्कूल, मंदिर, अस्पताल एवं रिहायशी क्षेत्रों के समीप संचालित शराब दुकानों को हटाकर अन्य स्थानों पर स्थानांतरित किया जाए।

संगठन ने प्रत्येक शराब दुकान पर स्टॉक की जानकारी सार्वजनिक करने, कर्मचारियों के नाम एवं फोटो प्रदर्शित करने तथा आपराधिक रिकॉर्ड वाले व्यक्तियों को कार्य पर न रखने की मांग भी उठाई। वहीं अवैध शराब बिक्री पाए जाने पर संबंधित पुलिस अधिकारियों पर भी कार्रवाई की मांग की गई।

ज्ञापन में 24 घंटे सक्रिय कंट्रोल रूम एवं सार्वजनिक हेल्पलाइन नंबर जारी करने की मांग रखी गई, ताकि शिकायत मिलने पर तत्काल कार्रवाई हो सके।

संगठन ने बताया कि वह वर्षों से जिले में नशामुक्ति अभियान चला रहा है और 200 से अधिक ग्राम पंचायतों में नशामुक्ति के प्रस्ताव पारित कराए जा चुके हैं। इसके बावजूद गांवों में दोबारा अवैध शराब पहुंचाई जा रही है।

ग्राम देवरान का उल्लेख करते हुए संगठन ने आरोप लगाया कि ग्रामीणों के विरोध के बाद शराब दुकान सील की गई थी, लेकिन बाद में सील तोड़कर बड़ी मात्रा में शराब गांवों में भेजी गई।

इस दौरान संगठन की कार्यकर्ता एवं भारतीय शक्ति चेतना पार्टी किसान मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष शोभा सिंह राजपूत ने कहा कि दमोह जिले में अवैध शराब का कारोबार लगातार बढ़ता जा रहा है। उन्होंने कहा कि जिन लोगों को जहां का लाइसेंस दिया गया है, उन्हें उसी क्षेत्र में शराब बेचनी चाहिए, लेकिन वर्तमान में गांव-गांव अवैध रूप से शराब बेची जा रही है।

इस पर कलेक्टर प्रताप नारायण यादव ने कहा कि प्रशासन जल्द विशेष अभियान चलाएगा तथा एक हेल्पलाइन नंबर भी जारी किया जाएगा, ताकि अवैध शराब की सूचना मिलते ही तत्काल कार्रवाई की जा सके।

वहीं संगठन के कार्यकर्ताओं ने जिले के आबकारी अधिकारियों की निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए आरोप लगाया कि यदि निष्पक्ष जांच कराई जाए तो कई बड़े खुलासे हो सकते हैं। इस पर कलेक्टर ने कहा कि सभी अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि वे अपने कार्यों का जिम्मेदारी एवं ईमानदारी के साथ पालन करें तथा किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

अंत में संगठन ने चेतावनी दी कि यदि 15 दिनों के भीतर उचित कार्रवाई नहीं की गई तो संगठन द्वारा विशाल धरना-प्रदर्शन किया जाएगा, जिसकी संपूर्ण जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।

*अवैध शराब बिक्री पर उठाए सवाल 15 दिन का दिया अल्टीमेटम*

दमोह। भगवती मानव कल्याण संगठन की जिला शाखा ने सोमवार को कलेक्ट्रेट पहुंचकर जिले में बढ़ रहे अवैध शराब कारोबार एवं आबकारी विभाग की कार्यप्रणाली के विरोध में कलेक्टर प्रताप नारायण यादव को विस्तृत ज्ञापन सौंपा। संगठन ने आरोप लगाया कि जिले की विभिन्न तहसीलों में आबकारी विभाग की मिलीभगत से शराब दुकानों का अनियमित संचालन किया जा रहा है तथा गांव-गांव अवैध रूप से शराब पहुंचाकर बिक्री कराई जा रही है।

ज्ञापन सौंपने के दौरान एसडीएम रचना प्रजापति, डीएसपी सौरभ त्रिपाठी, टीआई कोतवाली मनीष कुमार, टीआई रचना मिश्रा, आबकारी विभाग के सहायक अधिकारी केपी गांधी सहित पुलिस बल मौजूद रहा। बताया गया कि इससे पहले एडीएम ज्ञापन लेने पहुंचीं थीं, लेकिन संगठन ने सीधे कलेक्टर को ही ज्ञापन सौंपने की बात कही थी।

संगठन का कहना है कि शासन द्वारा निर्धारित समय सीमा एवं नियमों का पालन शराब दुकानों में नहीं किया जा रहा। कई दुकानें समय से पहले खोली जा रही हैं और देर रात तक संचालित हो रही हैं। साथ ही शराब ठेकेदारों द्वारा गांवों में अवैध रूप से शराब भिजवाने का आरोप भी लगाया गया।

ज्ञापन में मांग की गई कि अवैध शराब परिवहन करते पकड़े जाने पर केवल कर्मचारी ही नहीं, बल्कि मुख्य ठेकेदार एवं विक्रेता को भी सह आरोपी बनाया जाए। साथ ही स्कूल, मंदिर, अस्पताल एवं रिहायशी क्षेत्रों के समीप संचालित शराब दुकानों को हटाकर अन्य स्थानों पर स्थानांतरित किया जाए।

संगठन ने प्रत्येक शराब दुकान पर स्टॉक की जानकारी सार्वजनिक करने, कर्मचारियों के नाम एवं फोटो प्रदर्शित करने तथा आपराधिक रिकॉर्ड वाले व्यक्तियों को कार्य पर न रखने की मांग भी उठाई। वहीं अवैध शराब बिक्री पाए जाने पर संबंधित पुलिस अधिकारियों पर भी कार्रवाई की मांग की गई।

ज्ञापन में 24 घंटे सक्रिय कंट्रोल रूम एवं सार्वजनिक हेल्पलाइन नंबर जारी करने की मांग रखी गई, ताकि शिकायत मिलने पर तत्काल कार्रवाई हो सके।

संगठन ने बताया कि वह वर्षों से जिले में नशामुक्ति अभियान चला रहा है और 200 से अधिक ग्राम पंचायतों में नशामुक्ति के प्रस्ताव पारित कराए जा चुके हैं। इसके बावजूद गांवों में दोबारा अवैध शराब पहुंचाई जा रही है।

ग्राम देवरान का उल्लेख करते हुए संगठन ने आरोप लगाया कि ग्रामीणों के विरोध के बाद शराब दुकान सील की गई थी, लेकिन बाद में सील तोड़कर बड़ी मात्रा में शराब गांवों में भेजी गई।

इस दौरान संगठन की कार्यकर्ता एवं भारतीय शक्ति चेतना पार्टी किसान मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष शोभा सिंह राजपूत ने कहा कि दमोह जिले में अवैध शराब का कारोबार लगातार बढ़ता जा रहा है। उन्होंने कहा कि जिन लोगों को जहां का लाइसेंस दिया गया है, उन्हें उसी क्षेत्र में शराब बेचनी चाहिए, लेकिन वर्तमान में गांव-गांव अवैध रूप से शराब बेची जा रही है।

इस पर कलेक्टर प्रताप नारायण यादव ने कहा कि प्रशासन जल्द विशेष अभियान चलाएगा तथा एक हेल्पलाइन नंबर भी जारी किया जाएगा, ताकि अवैध शराब की सूचना मिलते ही तत्काल कार्रवाई की जा सके।

वहीं संगठन के कार्यकर्ताओं ने जिले के आबकारी अधिकारियों की निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए आरोप लगाया कि यदि निष्पक्ष जांच कराई जाए तो कई बड़े खुलासे हो सकते हैं। इस पर कलेक्टर ने कहा कि सभी अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि वे अपने कार्यों का जिम्मेदारी एवं ईमानदारी के साथ पालन करें तथा किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

अंत में संगठन ने चेतावनी दी कि यदि 15 दिनों के भीतर उचित कार्रवाई नहीं की गई तो संगठन द्वारा विशाल धरना-प्रदर्शन किया जाएगा, जिसकी संपूर्ण जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।

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मातृ दिवस पर योग शिविर का आयोजन, महिलाओं ने बढ़-चढ़कर लिया हिस्सा दमोह। मातृ दिवस के अवसर पर सार्थी विश्वकर्मा समाज कल्याण सेवा संगठन महिला मोर्चा एवं विश्वकर्मा महिला मंडल के संयुक्त तत्वावधान में महिलाओं के स्वास्थ्य, मानसिक संतुलन एवं सकारात्मक जीवनशैली को बढ़ावा देने हेतु एक दिवसीय योग शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में बड़ी संख्या में महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर योग एवं प्राणायाम का अभ्यास किया। कार्यक्रम में योगामृत टीम की संचालिका पूजा शचदेव अपने सहयोगी सदस्यों के साथ उपस्थित रहीं। टीम द्वारा महिलाओं को विभिन्न योगासन, प्राणायाम एवं स्वास्थ्यवर्धक अभ्यासों का प्रशिक्षण दिया गया। योग प्रशिक्षकों ने नियमित योग के लाभ बताते हुए कहा कि योग न केवल शारीरिक स्वास्थ्य को बेहतर बनाता है, बल्कि मानसिक तनाव को दूर कर सकारात्मक ऊर्जा भी प्रदान करता है। इस दौरान टीम के सदस्य रिमी जुनेजा, एकता जुनेजा, राखी चोपड़ा, काजल नवानी, अंजली श्रीवास्तव एवं प्रियंका बाश्वा सहित अन्य सदस्य मौजूद रहे। कार्यक्रम का संयोजन सार्थी विश्वकर्मा समाज कल्याण सेवा संगठन महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष श्रीमती एकता विश्वकर्मा के नेतृत्व में किया गया। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि माताएं केवल परिवार ही नहीं बल्कि पूरे समाज की आधारशिला होती हैं। मातृ दिवस पर आयोजित इस प्रकार के योग शिविर महिलाओं को शारीरिक एवं मानसिक रूप से सशक्त बनाने का प्रभावी माध्यम हैं। उन्होंने कहा कि स्वस्थ और आत्मविश्वासी महिलाएं ही मजबूत परिवार और सशक्त समाज का निर्माण करती हैं। कार्यक्रम में प्रदेश उपाध्यक्ष सुषमा शर्मा, प्रदेश चिकित्सा प्रकोष्ठ उपाध्यक्ष डॉ. संगीता विश्वकर्मा, दमोह जिला अध्यक्ष रूपा शर्मा, जिला उपाध्यक्ष भारती विश्वकर्मा, मीडिया प्रभारी निशा विश्वकर्मा, सचिव नीता विश्वकर्मा, महामंत्री रेखा विश्वकर्मा, कृष्णा विश्वकर्मा, ज्योति शर्मा, आरती विश्वकर्मा, जिला कार्यकारिणी अध्यक्ष विशाखा विश्वकर्मा एवं प्रीति विश्वकर्मा सहित बड़ी संख्या में महिलाओं की गरिमामयी उपस्थिति रही। कार्यक्रम में जिला पंचायत सदस्य श्रीमती रजनी ठाकुर, महिला बाल आयोग समिति सदस्य श्रीमती रश्मि वर्मा, ऐश्वर्य ब्यूटी पार्लर की संचालिका श्रीमती दीप्ति खरे एवं श्रीमती कीर्ति खरे सहित अन्य गणमान्य महिलाओं ने भी सहभागिता निभाई। कार्यक्रम के अंत में सभी महिलाओं ने योग को अपने दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का संकल्प लिया। आयोजन समिति द्वारा योगामृत टीम का आभार व्यक्त करते हुए सभी प्रतिभागियों को मातृ दिवस की शुभकामनाएं दी गईं।