*नोहटा से प्रवीण दुबे की रिपोर्ट*
नोहटा, दमोह में अमिताभ श्रीवास्तव ने ‘प्रकृति का संतुलन और मानव जीवन पेड़-पौधों से ही संभव है’ का महत्वपूर्ण संदेश दिया।
उन्होंने मध्यप्रदेश जन अभियान परिषद के तहत दमोह जिले के जबेरा विकासखंड में नोहटा सेक्टर का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने आदर्श ग्राम की अवधारणा पर आधारित विभिन्न नवाचारी प्रयासों जैसे नर्सरी, जन सूचना केंद्र, संस्कार केंद्र, निःशुल्क शिक्षा केंद्र और वाचनालय का अवलोकन किया।
पर्यावरण संरक्षण और सामुदायिक भागीदारी पर जोर
भ्रमण के दौरान, श्रीवास्तव ने नवांकुर संस्था और ग्राम विकास प्रस्फुटन समिति नयागांव और नोहटा द्वारा किए गए कार्यों की विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने ग्रामवासियों के साथ संवाद करते हुए इस बात पर जोर दिया कि जनभागीदारी से स्वच्छता, वृक्षारोपण और जागरूकता के लिए मिलकर कार्य करने से किसी भी गाँव को आदर्श ग्राम बनाया जा सकता है। उन्होंने ग्रामवासियों को पर्यावरण संरक्षण, शिक्षा और सामाजिक चेतना को गाँव के विकास का मूल आधार बनाने के लिए प्रेरित किया।
गुलमोहर का रोपण और नशामुक्त गाँव की पहल
इस अवसर पर कारसदेव वाटिका परिसर में गुलमोहर का पौधा रोपित कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया गया। पौधरोपण कार्यक्रम में बड़ी संख्या में ग्रामवासी, युवा, महिलाएं और बच्चे उपस्थित थे।
संस्था द्वारा आदर्श ग्राम हेतु चयनित नयागांव में, उन्होंने ग्राम विकास के विभिन्न विषयों पर प्रस्फुटन समिति और स्थानीय लोगों के साथ चर्चा की। उन्होंने गाँव के शराब मुक्त होने की सराहना की और इसे नशामुक्त बनाने की दिशा में भी लगातार गतिविधियां आयोजित करने का आह्वान किया। उन्होंने यह भी सुझाव दिया कि संस्था दीवार लेखन के माध्यम से विभिन्न विषयों पर लोगों को जागरूक कर सकती है। श्री श्रीवास्तव ने सभी के प्रयासों को सराहनीय बताया और सामूहिक व संगठित प्रयासों से गाँव को और बेहतर बनाने की बात कही।
कार्यक्रम में जिला समन्वयक सुशील नामदेव, विकासखंड समन्वयक श्रीमती वंदना जैन, नवांकुर संस्था प्रतिनिधि और ग्राम समिति के सदस्यगण उपस्थित रहे।










