“कहानी सच्ची है”
दीपरानी पटैल को जनसुनवाई पुर्नजन्म सिद्ध हुई
दमोह जिले के ग्राम बिलाई निवासी दीपरानी पटैल को जनसुनवाई अपने जीवित होने के लिये वरदान साबित हुई, उनको जनसुनवाई पुर्नजन्म सित्द्ध हुई है।
दो वर्षो से अपने आप को शासकीय दस्तावेजों में जीवित घोषित करवाने के लिये की गई मेहनत को आज कलेक्टर श्री कोचर ने सार्थक कर दिया। दीपरानी बहुत ही खुश नजर आई और क्यों ना प्रसन्न हों कागजों में मृत होने के बाद पुन: जीवित होने से अब उनको शासकीय योजनाओं का लाभ मिलना प्रारंभ हो जायेगा।
यह उनको पुर्नजन्म के बरावर उपहार जनसुनवाई में मिला है। 
कलेक्टर सुधीर कुमार कोचर ने संबंधित अधिकारी से इस संबंध में जांच कराई तो आधार कार्ड के नम्बर से उनके जीवित होने की पुष्टि हुई और कलेक्टर ने तत्काल दीपरानी पटैल को जीवित होने की सूची में जोड़ने के निर्देश दिये और जिस कर्मचारी की गलती से मृत सूची में नाम आया था उसको तत्काल निलंबित करने के निर्देश दिये।
ज्ञातव्य है जिले की ग्राम पंचायत बिलाई की रहने वाली दीपरानी पति नत्थू पटैल जीवित होते हुये भी दो पर्व पूर्व अचानक से मृत हो गई, वह किसान सम्मान निधि और राशन सामग्री के साथ शासकीय योजनाओं से मिलने वाली सुविधाओं से बंचित हो गई। अपने आप को जीवित करने के लिये आज जनसुनवाई में कलेक्टर के समक्ष अपना आवेदन दिया की मैं दीपरानी अभी जीवित हूं, छानबीन कर मुझे न्याय प्रदान किया जाये।
कलेक्टर श्री कोचर कहते हैं जनसुनवाई में एक महिला आई थी उसने बताया कि उसे कागजों में मृत घोषित कर दिया गया है जबकि वह जीवित है तो उसी समय मैने अधिकारियों को निर्देश दिए तो जांच में पता चला कि महिला सही कह रही है, उसका नाम गलती से मृत लोगों में आ गया है, उसका नाम जुड़वा दिया है, और जिसने गलती की है उसके खिलाफ निलंबन और अनुशासनहीनता की कार्रवाई के आदेश सी.ओ जिला पंचायत को दिए हैं।









