—प्रधान संपादक पंडित संदीप शर्मा एमपी अपडेट न्यूज़ दमोह—
*ग्राम पंचायत दसोंदा में लोकतांत्रिक परंपराओं की अनदेखी*
*वार्ड मेंबर को राष्ट्रीय त्योहारों व ग्राम सभाओं से किया जा रहा दूर, एक साल से उपेक्षा का आरोप*
*तेंदूखेड़ा से मुकेश जैन की रिपोर्ट*
दमोह/ जिले की ग्राम पंचायत दसोंदा में लोकतांत्रिक व्यवस्था और पंचायती राज की मूल भावना को ठेस पहुँचाने का गंभीर मामला सामने आया है। आरोप है कि बीते लगातार एक वर्ष से ग्राम पंचायत के वार्ड मेंबर को राष्ट्रीय पर्व—स्वतंत्रता दिवस एवं गणतंत्र दिवस—के कार्यक्रमों में आमंत्रित नहीं किया जा रहा। ग्राम पंचायत वार्ड क्रमांक 13 के निर्वाचित वार्ड सदस्य के रूप में अर्जुन सिंह लोधी/ पिता लाल सिंह लोधी हैं
इतना ही नहीं, मासिक ग्राम सभाओं में भी वार्ड मेंबर के साथ कथित रूप से अपमानजनक व्यवहार किया जा रहा है। वार्ड मेंबर का कहना है कि वे ग्राम पंचायत के निर्वाचित सदस्य होते हैं, इसके बावजूद उन्हें कार्यक्रमों और बैठकों से अलग रखना संवैधानिक व पंचायती नियमों का उल्लंघन है।
वार्ड मेंबर ने बताया कि बार-बार मौखिक रूप से शिकायत करने के बावजूद स्थिति में कोई सुधार नहीं हुआ। इससे न केवल निर्वाचित प्रतिनिधि का मान-सम्मान प्रभावित हो रहा है, बल्कि ग्राम विकास से जुड़े अहम निर्णयों में जनप्रतिनिधियों की भागीदारी भी बाधित हो रही है।
मामले को लेकर वार्ड वासियों में भी नाराज़गी देखी जा रही है। उनका कहना है कि यदि निर्वाचित सदस्य को साथ लेकर कार्य नहीं किया गया तो पंचायत की पारदर्शिता और जवाबदेही पर सवाल खड़े होंगे।
अब देखना यह होगा कि जिला प्रशासन और संबंधित अधिकारी इस गंभीर शिकायत पर क्या संज्ञान लेते हैं और ग्राम पंचायत में लोकतांत्रिक मर्यादाओं की बहाली के लिए क्या कदम उठाए जाते हैं।














































