—प्रधान संपादक पंडित संदीप शर्मा एमपी अपडेट न्यूज़ दमोह—
*कर्ज चुकाने अपने ही घर से लाखों के जेवरात पर हाथ साफ करना पड़ा महंगा*
*पिता की शिकायत पर पुलिस ने बेटे को पकड़ा करीब 6.50 लाख रुपये के सोने-चांदी के जेवरात बरामद*
दमोह/पटेरा। अपने पुराने कर्ज और लेन-देन को चुकाने के लिए एक युवक ने कथित तौर पर अपने ही घर में चोरी की वारदात को अंजाम देकर अज्ञात चोरों द्वारा चोरी किए जाने की कहानी रच दी। पिता की शिकायत पर पुलिस ने मामले की जांच शुरू की तो संदेह की सुई परिवार के ही सदस्य पर जा पहुंची। पूछताछ के बाद पुलिस ने शिकायतकर्ता के बेटे लवकुश बर्मन पिता भागचंद बर्मन, निवासी पटेरा को हिरासत में लिया। पुलिस के अनुसार पूछताछ में उसने घर के ताले तोड़कर सोने-चांदी के जेवरात चोरी करना स्वीकार किया। पुलिस ने उसके कब्जे से करीब 6 लाख 50 हजार रुपये कीमत के चोरी किए गए जेवरात बरामद किए हैं।
17 सितंबर को दर्ज हुई थी चोरी की शिकायत
पुलिस प्रेस नोट के अनुसार 17 सितंबर 2026 को पटेरा थाना क्षेत्र निवासी भागचंद बर्मन ने थाना पटेरा में शिकायत दर्ज कराई थी कि अज्ञात चोर घर में घुसकर ताला तोड़कर सोने-चांदी के जेवरात चोरी कर ले गए हैं। चोरी गए जेवरात की अनुमानित कीमत करीब 6 लाख 50 हजार रुपये बताई गई थी।
शिकायत के आधार पर थाना पटेरा में अपराध क्रमांक 274/26, धारा 331(4), 305 बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
जांच में बेटे पर हुआ संदेह
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक आनंद कलादगी (IPS) के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक के निर्देशन तथा एसडीओपी हटा के मार्गदर्शन में पुलिस टीम गठित की गई। टीम ने घटनास्थल और आसपास के हालात की जांच करते हुए संदिग्धों की पतासाजी शुरू की।
जांच के दौरान पुलिस को शिकायतकर्ता के बेटे लवकुश बर्मन पर संदेह हुआ। इसके बाद पुलिस ने उसे हिरासत में लेकर पूछताछ की।
पूछताछ में सामने आई पूरी कहानी
पुलिस के अनुसार पूछताछ में लवकुश बर्मन ने घर के ताले तोड़कर खुद ही सोने-चांदी के जेवरात चोरी करने की बात स्वीकार की। पुलिस का कहना है कि आरोपी ने अपने पुराने कर्ज और लेन-देन को चुकाने के उद्देश्य से चोरी की और घटना को अज्ञात चोरों द्वारा की गई वारदात बताकर परिवार को गुमराह करने का प्रयास किया।
पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर चोरी किए गए सोने-चांदी के जेवरात, अनुमानित कीमत करीब 6 लाख 50 हजार रुपये, बरामद कर लिए। इसके बाद आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष पेश किया गया।
पुलिस टीम की रही महत्वपूर्ण भूमिका
पूरी कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक रचना मिश्रा के नेतृत्व में पुलिस टीम ने कार्रवाई की। मामले की पतासाजी और आरोपी से पूछताछ में उपनिरीक्षक धर्मेंद्र गुर्जर, संतोष सिंह, प्रधान आरक्षक रूपलाल रजक, प्रधान आरक्षक सुरेश, प्रधान आरक्षक सुमन यादव, आरक्षक बलमा कुंड और नितेश सिलावट की विशेष भूमिका रही।
सर्राफा दुकान डकैती का सुराग अभी बाकी
वहीं पटेरा क्षेत्र में ही सर्राफा दुकान पर नकाबपोश बदमाशों द्वारा कथित रूप से डाली गई डकैती के मामले में पुलिस की जांच जारी है। उक्त वारदात में शामिल बदमाशों तक पुलिस अभी नहीं पहुंच सकी है। ऐसे में एक ओर जहां पुलिस ने घर में हुई चोरी के मामले में शिकायतकर्ता के बेटे तक पहुंचकर कथित रूप से चोरी का पूरा माल बरामद कर लिया है, वहीं दूसरी ओर सर्राफा दुकान डकैती के आरोपियों की गिरफ्तारी पुलिस के लिए चुनौती बनी हुई है।
















