—प्रधान संपादक पंडित संदीप शर्मा एमपी अपडेट न्यूज़ दमोह—
*जंगल में भैंस लेने गए युवक पर कुल्हाड़ी से हमला, फायरिंग का भी आरोप*
*पुरानी चुनावी रंजिश में 10-15 लोगों द्वारा घेरकर हमला करने का आरोप*
*गंभीर हालत में जिला अस्पताल में भर्ती चार नामजद आरोपियों की तलाश में पुलिस*
दमोह। देहात थाना क्षेत्र की जबलपुर नाका चौकी अंतर्गत अरोरा-जमुनिया गांव में सोमवार शाम पुरानी चुनावी रंजिश को लेकर एक युवक पर जानलेवा हमला किए जाने का मामला सामने आया है। जंगल में भैंस लेने गए 32 वर्षीय गोलू यादव पर पीछे से कुल्हाड़ी से हमला किए जाने का आरोप है। गंभीर रूप से घायल गोलू को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसका उपचार जारी है।
घटना के बाद घायल के परिजनों ने आरोप लगाया कि हमलावरों ने बंदूक से फायरिंग भी की और गोली गोलू के घुटने में लगी। हालांकि पुलिस और चिकित्सकों के अनुसार फिलहाल गोली लगने की पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस का कहना है कि पीड़ित ने फायरिंग की बात बताई है और इस संबंध में जांच की जा रही है।
घायल गोलू यादव के भाई निलेश यादव ने आरोप लगाया कि सोमवार शाम उसका भाई जंगल से भैंस लेकर वापस लौट रहा था। इसी दौरान लकी यादव सहित करीब 10 से 15 लोगों ने उसे घेर लिया। आरोप है कि हमलावरों ने पीछे से उसके सिर पर कुल्हाड़ी से वार कर दिया।
निलेश के मुताबिक हमले के बाद आरोपियों ने बंदूक से फायर भी किया। परिजनों का दावा है कि एक गोली गोलू के घुटने में लगी। घटना की जानकारी मिलने के बाद परिजन मौके पर पहुंचे, जिसके बाद आरोपी वहां से फरार हो गए।
परिजनों ने हमले को हत्या के इरादे से किया गया हमला बताया है। उन्होंने लकी यादव को मुख्य आरोपी बताते हुए हाकम यादव का नाम भी लिया है।
परिजनों के अनुसार दोनों पक्षों के बीच करीब 20 वर्ष पुरानी चुनावी रंजिश चली आ रही है। उनका कहना है कि लगभग दो दशक पहले उनके परिवार के एक सदस्य ने सरपंच पद का चुनाव लड़ा था। चुनाव में हाकम यादव के जीतने के बाद से दोनों पक्षों के बीच विवाद और रंजिश बनी हुई है।
परिजनों का आरोप है कि इसी पुरानी रंजिश के चलते गोलू यादव को निशाना बनाया गया। घायल के भाई ने कुछ आरोपियों पर गांव में दबदबा बनाए रखने और अवैध शराब के कारोबार में शामिल होने के आरोप भी लगाए हैं। हालांकि इन आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है।
घटना के बाद घायल के परिजनों ने गोली लगने की बात कही। घायल की मां ने भी अस्पताल में पुलिस की कार्रवाई को लेकर नाराजगी जताई और आरोप लगाया कि पूर्व की शिकायतों पर प्रभावी कार्रवाई नहीं होने के कारण आरोपियों के हौसले बढ़े।
वहीं पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पीड़ित ने हवाई फायर किए जाने की बात बताई है, लेकिन अभी तक उसके शरीर में गोली लगने की स्पष्ट पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस मेडिकल रिपोर्ट और घटनास्थल की जांच के आधार पर फायरिंग के आरोप की भी जांच कर रही है।
घटना की जानकारी मिलने के बाद देहात थाना प्रभारी धर्मेंद्र उपाध्याय जिला अस्पताल पहुंचे और घायल से घटना के संबंध में जानकारी ली।
थाना प्रभारी के अनुसार प्रारंभिक जानकारी में वन विभाग की नर्सरी क्षेत्र में गोलू यादव के साथ लकी यादव, विनय यादव, विक्रम यादव और हाकम यादव द्वारा कुल्हाड़ी से हमला कर मारपीट किए जाने की बात सामने आई है। पुलिस ने चारों नामजद आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर उनकी तलाश शुरू कर दी है।
पुलिस के अनुसार घटना में फायरिंग किए जाने की बात भी पीड़ित द्वारा बताई गई है, लेकिन गोली लगने की पुष्टि फिलहाल नहीं हुई है। पुलिस घटनास्थल, प्रत्यक्षदर्शियों और मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर मामले की जांच कर रही है।
जिला अस्पताल में घायल का उपचार कर रहे डॉ. पीयूष निमाड़ी ने बताया कि अरोरा-जमुनिया क्षेत्र से एक युवक घायल अवस्था में अस्पताल लाया गया था। उसकी हालत गंभीर है और शरीर पर चोटें पाई गई हैं।
परिजनों द्वारा गोली लगने की जानकारी दी गई है, लेकिन चिकित्सकीय परीक्षण के दौरान फिलहाल गोली लगने की पुष्टि नहीं हुई है। घायल के शरीर पर मिली चोटों की जानकारी पुलिस को उपलब्ध कराई जा रही है।
परिजनों ने दावा किया है कि मुख्य आरोपी लकी यादव के खिलाफ पूर्व में हत्या और हत्या के प्रयास जैसे गंभीर मामले दर्ज रहे हैं तथा वह हाल ही में एक हत्या के मामले में जमानत पर बाहर आया है। इन दावों की भी पुलिस द्वारा जांच की जा रही है।
फिलहाल पुलिस आरोपियों की तलाश में जुटी है। घटना के पीछे पुरानी चुनावी रंजिश, हमले में शामिल लोगों की वास्तविक संख्या, कुल्हाड़ी से हमला, फायरिंग तथा गोली लगने के आरोप सहित सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। पुलिस जांच पूरी होने के बाद ही घटना की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।

















